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John David 19 टिप्पणि

हरियाली तीज 2024: तिथि और महत्व

हरियाली तीज का पर्व, जिसे श्रावणी तीज भी कहा जाता है, हिंदू पंचांग के श्रावण महीने के शुक्ल पक्ष की तृतीय तिथि को मनाया जाता है। इस साल, हरियाली तीज 7 अगस्त 2024 को मनाई जाएगी। यह पर्व भगवान शिव और माता पार्वती के प्रति सम्मान और उनकी अनन्त प्रेम की प्रतीक होता है।

'हरियाली' नाम स्वयं मानसून की हरी-भरिशाली मौसम को दर्शाता है। यह पर्व मुख्य रूप से शादीशुदा महिलाएं अपने पति की दीर्घायु और सुख-समृद्धि के लिए निर्जल व्रत रखती हैं। वहीं, अविवाहित लड़कियाँ भगवान शिव जैसे समर्पित जीवनसाथी की प्रार्थना करती हैं।

हरियाली तीज के रीति-रिवाज

हरियाली तीज के रीति-रिवाज

हरियाली तीज के पर्व पर महिलाएं हरे रंग के वस्त्र पहनती हैं और आभूषण धारण करती हैं। हाथों पर मेहंदी लगाना भी इस पर्व का अहम हिस्सा है। इसके साथ ही पारंपरिक गानों पर नृत्य और झूलों का आनंद लेना भी इस पर्व को खास बनाता है। समुदाय मिलकर खान-पान और पूजा-पाठ का आयोजन करते हैं, जिससे एक जीवंत माहौल बनता है।

त्योहार की रस्में और परंपराएं

त्योहार की रस्में और परंपराएं

इस पर्व पर महिलाएं भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा करती हैं। पारंपरिक गीत गाए जाते हैं और सामूहिक रूप से नृत्य किया जाता है। साथ ही, घरों और झूलों को फूलों से सजाया जाता है और इस त्योहार की रौनक को बढ़ाया जाता है।

व्रत की महत्ता

महिलाएं इस दिन निर्जल व्रत रखती हैं। यह व्रत सुबह से चाँद निकलने तक चलता है। इस व्रत का अधिष्ठान पति की लंबी उम्र और परिवार की सुख-समृद्धि के लिए किया जाता है।

हरियाली तीज पर शुभकामनाएं और संदेश

हरियाली तीज पर शुभकामनाएं और संदेश

  • आपके जीवन में सदा हरियाली रहे और आपका जीवन हंसते-मुस्कुराते बीते। हरियाली तीज की हार्दिक शुभकामनाएं!
  • हरियाली तीज के इस पावन अवसर पर आप और आपका परिवार खुशहाल और समृद्ध हो।
  • तीज पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं। भगवान शिव और माता पार्वती आपके जीवन में सदा केलिए प्रेम और विश्वास बनाए रखें।
  • अपने प्रियजनों को सोशल मीडिया पर इन खुबसूरत संदेशों और GIFs द्वारा बधाई दें और इस त्योहार की खुशियां बांटें।

हरियाली तीज का पर्व न केवल एक धार्मिक आयोजन है, बल्कि सामुदायिक एकता और प्रेम का प्रतीक भी है। इस पर्व पर विभिन्न प्रकार की सांस्कृतिक और धार्मिक गतिविधियों का आयोजन होता है, जो इसे और विशेष बनाता है। आप भी इस पर्व को अपने प्रियजनों के साथ मिलकर मनाएं और अपने जीवन को खुशियों से भर दें।

टिप्पणि

  • RAVINDRA HARBALA

    अगस्त 7, 2024 AT 20:22

    RAVINDRA HARBALA

    हरियाली तीज 2024 की तिथि 7 अगस्त निर्धारित है, यह शुक्ल पक्ष की तृतीय तिथि के अनुसार पंचांग में आया है।

  • Vipul Kumar

    अगस्त 17, 2024 AT 02:35

    Vipul Kumar

    हरियाली तीज का मूल उद्देश्य पति के दीर्घायु और समृद्धि की कामना है, इस अवसर पर महिलाएं हरे वस्त्र और मेहंदी पहनकर पूजा करती हैं और पारिवारिक बंधन को मजबूत करती हैं। यह परंपरा कई पीढ़ियों से चली आ रही है और सामाजिक एकता को बढ़ावा देती है।

  • Priyanka Ambardar

    अगस्त 26, 2024 AT 08:48

    Priyanka Ambardar

    भारत की संस्कृति में इस पर्व का महत्व अनदेखा नहीं किया जा सकता, यह हमारे धरोहर को जीवंत बनाता है 🙂।

  • sujaya selalu jaya

    सितंबर 4, 2024 AT 15:02

    sujaya selalu jaya

    बहुत सही बताया आपने हरियाली तीज का सार

  • Ranveer Tyagi

    सितंबर 13, 2024 AT 21:15

    Ranveer Tyagi

    हरियाली तीज पर मेहंदी लगाना!!! यह परम्परा बेहद खूबसूरत है!!! साथ ही हरे कपड़े पहनना, पति के लिए दुआ करना, सभी रस्में मिलकर एक जादुई माहौल बनाती हैं!!!

  • Tejas Srivastava

    सितंबर 23, 2024 AT 03:28

    Tejas Srivastava

    वाकई यह त्योहारी रंग-रूप देख कर दिल धड़के!! हरियाली की हर पत्ती जैसे आशा की नयी लहर लाती है!! संगीत, झूले, और रंगीन सजी सजावट मन को मंत्रमुग्ध कर देती है!!

  • JAYESH DHUMAK

    अक्तूबर 2, 2024 AT 09:42

    JAYESH DHUMAK

    हरियाली तीज का ऐतिहासिक पृष्ठभूमि प्राचीन वैदिक ग्रन्थों में उल्लिखित है। यह पर्व शरद ऋतु के आगमन के साथ प्रकृति के हरियाली को सम्मानित करता है। शैव भक्तों के लिए यह दिन विशेष महत्व रखता है, क्योंकि यह शिव और पार्वती के प्रेम का प्रतीक है। व्रत रखने वाली महिलाएँ अपनी शुद्धता और अनुष्ठान के माध्यम से परिवार की समृद्धि की कामना करती हैं। इस व्रत में निर्जल भोजन करना और शाम को चंद्रमा के प्रकाश में दया प्रार्थना करना अनिवार्य है। पारिवारिक समारोह में मेहंदी की सजावट को विशेष स्थान दिया जाता है, जो सौंदर्य और आध्यात्मिक शक्ति दोनों को दर्शाती है। हरे वस्त्र पहनना न केवल प्रसन्नता लाता है, बल्कि प्रकृति के साथ सामंजस्य का भी प्रतीक है। समुदाय में सामूहिक गीत और नृत्य सामाजिक बंधनों को सुदृढ़ करता है। इस अवसर पर अनेक क्षेत्रों में पारम्परिक व्यंजन तैयार किए जाते हैं, जो स्वाद और सांस्कृतिक विविधता को प्रतिबिंबित करते हैं। युवा पीढ़ी इन रीति-रिवाजों को सीखते हुए अपने सांस्कृतिक मूल्यों को संजोती है। वैज्ञानिक दृष्टि से देखिए तो इस प्रकार के सामाजिक समारोह मानसिक स्वास्थ्य के लिए लाभकारी होते हैं। यह उत्सव सामाजिक एकता को बढ़ावा देता है और लोगों में सामुदायिक भावना को प्रोत्साहित करता है। आधुनिक समय में डिजिटल माध्यमों के द्वारा शुभकामनाएँ एवं GIFs के आदान-प्रदान से इस पर्व का प्रभाव और व्यापक हो गया है। अंत में, हरियाली तीज हमें पर्यावरण संरक्षण के महत्व की याद दिलाता है। इस प्रकार यह पर्व पारम्परिक और आधुनिक दोनों पहलुओं को समाहित करते हुए हमारे जीवन में खुशियों की भरपूरता लेकर आता है।

  • Santosh Sharma

    अक्तूबर 11, 2024 AT 15:55

    Santosh Sharma

    हरियाली तीज केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं, यह हमारे सामाजिक एकजुटता का प्रतीक है और हमें सकारात्मक ऊर्जा से भर देता है।

  • yatharth chandrakar

    अक्तूबर 20, 2024 AT 22:08

    yatharth chandrakar

    बहुत ही प्रेरणादायक है यह विवरण।

  • Vrushali Prabhu

    अक्तूबर 30, 2024 AT 03:22

    Vrushali Prabhu

    हरियाली तीज के दोरान सजावट बहुत सुन्दरी होती है , लोग एक साथ मिलके गााते है और नाचते है।

  • parlan caem

    नवंबर 8, 2024 AT 09:35

    parlan caem

    ऐसे बेकार कोष्टीक्‍सन से कोइ लाब नहीं, बस बातें घुमा-फिरा कर दिखावटी पोस्ट डालते हैं।

  • Mayur Karanjkar

    नवंबर 17, 2024 AT 15:48

    Mayur Karanjkar

    सांस्कृतिक परिप्रेक्ष्य में, हरियाली तीज मानवीय-सामाजिक अभिसरण का एक एन्कोडेड इवेंट है।

  • Sara Khan M

    नवंबर 26, 2024 AT 22:02

    Sara Khan M

    हरियाली तीज की बधाई! 🎉🌿✨

  • shubham ingale

    दिसंबर 6, 2024 AT 04:15

    shubham ingale

    बहुत खुशी हुई 🎈🌱

  • Ajay Ram

    दिसंबर 15, 2024 AT 10:28

    Ajay Ram

    हरियाली तीज के दौरान समुदाय में विभिन्न प्रकार की सांस्कृतिक गतिविधियाँ आयोजित की जाती हैं, जैसे लोकनृत्य, काव्य पाठ और पारम्परिक खेल। इन कार्यक्रमों का मुख्य उद्देश्य लोगों को आपस में जोड़ना और सामाजिक संवाद को प्रज्वलित करना है। अक्सर स्थानीय कलाकार इस अवसर पर विशेष प्रस्तुतियाँ देते हैं, जिससे युवा पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से परिचित कराया जाता है। इस समारोह में महिलाओं द्वारा तैयार किए गए व्यंजन भी महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, जो स्वाद और पोषक तत्वों से भरपूर होते हैं। सभी आयु वर्ग के लोग इन गतिविधियों में सहभागी होते हैं, जिससे पीढ़ियों के बीच ज्ञान और अनुभव का आदान-प्रदान होता है। साथ ही, इस त्योहार में पर्यावरणीय जागरूकता को भी बढ़ावा दिया जाता है, क्योंकि हरियाली के प्रतीक के रूप में वृक्षारोपण कार्य आयोजित किए जाते हैं। इस प्रकार, हरियाली तीज न केवल धार्मिक अनुष्ठान है, बल्कि सामाजिक, सांस्कृतिक और पर्यावरणीय पहलुओं को एक साथ जोड़ता है।

  • Dr Nimit Shah

    दिसंबर 24, 2024 AT 16:42

    Dr Nimit Shah

    देश की धरोहर को ऐसे उत्सवों के माध्यम से सजोना और हमें गर्व प्रदान करता है।

  • Ketan Shah

    जनवरी 2, 2025 AT 22:55

    Ketan Shah

    हरियाली तीज पर किए जाने वाले रीति-रिवाज़ों में आधुनिक तकनीक का समावेश देखना दिलचस्प है। यह दिखाता है कि परम्परा और नवाचार किस तरह सहजता से मिल सकते हैं।

  • Aryan Pawar

    जनवरी 12, 2025 AT 05:08

    Aryan Pawar

    हरियाली तीज में मेहंदी सजावट और हरा कपड़ा सामाजिक बंधन को मजबूत करता है

  • Shritam Mohanty

    जनवरी 21, 2025 AT 11:22

    Shritam Mohanty

    ये सब तो सरकारी योजना का हिस्सा है लोगों को एकत्रित करके कोई बड़ा प्रभाव डालने के लिए, सच में सोचो!

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